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September 20, 2026

Suraj Kesari

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जीवन की हर परिस्थिति को अपने अनुसार बदलना संभव नहीं

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जीवन की हर परिस्थिति को अपने अनुसार बदलना संभव नहीं

 

विधि के विद्यार्थियों के लिए अतिथि व्याख्यान का आयोजन

मुजफ्फरनगर 20 सितंबर प्राप्त समाचार के अनुसार

श्री राम कॉलेज ऑफ लॉ में विधि के छात्र-छात्राओं के लिए एक अतिथि व्याख्यान का आयोजन किया गया। व्याख्यान का विषय ‘आंतरिक शांति व खुशी की ओर रहा। कार्यक्रम में समाजसेवी डॉ. नीलम राय वर्मा मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहीं। कार्यक्रम में डॉ. एस.सी. कुलश्रेष्ठ, चेयरमैन, श्री राम ग्रुप ऑफ कॉलेजिज; डॉ. प्रेरणा मित्तल, प्राचार्या, श्री राम कॉलेज; डॉ. सौरभ मित्तल, उप प्राचार्य, श्री राम कॉलेज; डॉ. आर.पी. सिंह, रिसर्च डायरेक्टर, श्री राम ग्रुप ऑफ कॉलेजिज तथा डॉ. पूनम शर्मा, प्राचार्या, श्री राम कॉलेज ऑफ लॉ अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। सर्वप्रथम मुख्य वक्ता डॉ. नीलम राय वर्मा को बुके भेंट कर उनका स्वागत किया गया। कार्यक्रम में बी.ए.एलएल.बी., बी.कॉम. एलएल.बी. एवं एलएल.बी. के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। मुख्य वक्ता डॉ. नीलम राय वर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि आंतरिक शांति तथा आनंद की राह स्वयं को समझने, स्वीकार करने और बेहतर बनाने से शुरू होती है। जीवन की हर परिस्थिति को अपने अनुसार बदलना संभव नहीं है, लेकिन उसके प्रति अपनी सोच और प्रतिक्रिया को अवश्य बदला जा सकता है। उन्होंने कहा कि दूसरों की गलतियां देखने और उन पर टिप्पणी करने से पहले प्रत्येक व्यक्ति को स्वयं का मूल्यांकन करना चाहिए।उन्होंने विद्यार्थियों को बीती हुई बातों को छोड़कर वर्तमान में जीने, दूसरों से तुलना न करने तथा छोटी-छोटी खुशियों के लिए कृतज्ञ रहने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि स्वयं के लिए समय निकालना, सकारात्मक सोच रखना, क्षमा करना तथा अपनी कमियों को स्वीकार कर उनमें सुधार करना आंतरिक शांति को मजबूत करता है। सच्चा आनंद दूसरों को बदलने में नहीं, बल्कि स्वयं को बेहतर बनाने में है। जब मन में संतोष, आत्म-जागरूकता और सकारात्मकता होती है, तो जीवन की छोटी-छोटी खुशियां भी बड़ी लगने लगती हैं। उन्होंने महाभारत काल से जुड़े अनेक उदाहरणों के माध्यम से अपने विचारों को स्पष्ट किया।कार्यक्रम के अंत में श्री राम कॉलेज ऑफ लॉ की प्राचार्या डॉ. पूनम शर्मा ने मुख्य वक्ता डॉ. नीलम राय वर्मा को सम्मान-चिह्न भेंट कर उनका आभार व्यक्त किया।कार्यक्रम को सफल बनाने में श्री राम कॉलेज ऑफ लॉ के शिक्षकगण संजीव कुमार, आंचल अग्रवाल, राखी प्रमोद तुपे, मिन्नी सिंघल, आशीष कुमार, हर्षित भाटिया, नितिन वाध्वा, विनय तिवारी, प्रीति एवं कृष्णपाल का महत्वपूर्ण सहयोग रहा।

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