मुसलमान अपने अखलाक और तालिमी म्यार बुलंद कर जिंदगी गुजारे,,,,, मौलाना साजिद मजाहिरी
1 min read
ज़ीशान काजमी
जलालाबाद शामली।
तालीम इंसानी जिंदगी का सबसे कीमती तोहफा है जो इंसानी जिंदगी का रुख और हालात बदल देता है। अच्छे अखलाक/ संस्कार इंसानी जिंदगी का आइना होता है।मुसलमान अपने अखलाक और तालिमी म्यार बुलंद कर जिंदगी गुजारे जो वक्त की अहम जरूरत है। 
उक्त उदगार हजरत मौलाना मो साजिद मजाहिरी ने मदरसा नूरिया इमदादिया अशर्फियां में सैकड़ों लोगों से खिताब करते हुए व्यक्त किए। 
कस्बा जलालाबाद के निकटवर्ती गांव हसनपुर लुहारी स्तिथ,मदरसा नूरिया इमदादिया अशर्फियां में 65 वा एक दिवसीय सालाना जलसे का आयोजन किया गया जिसमे गांव एवम क्षेत्र के सैकड़ों महिला व पुरुष शामिल रहे।महिलाओं के लिए विशेष पर्दा की व्यवस्था रही।
जलसे की अध्यक्षता सहारनपुर स्तिथ मदरसा मजाहिर उल उलूम के प्रसिद्ध उस्ताद ए तफसीर हजरत मौलाना मो साजिद मजाहिरी ने की संचालन मदरसे के नाजिम ए तालीम मो राशिद कासमी कारी इंतजार ने संयुक्त रूप से की।जलसे की शुरुआत मदरसे के छात्र मो साबिर ने कुरान शरीफ की तिलावत से हुई।
जलसे में मुख्य वक्ताओं मौलाना याकूब मौलाना मो लतीफ़ हुसैन, दारुल उलूम देवबंद से आए मौलाना अब्दुल्ला मारूफी,मदरसा मजाहिर उल उलूम सहारनपुर मौलाना मो साजिद मजाहिरी मौलाना नवाब अहमद, मुफ्ती अहसान मो मुरसलीन पानीपती आदि ने जलसे में सैकड़ों लोगों को संबोधित करते हुए शिक्षा एवम संस्कार पर्दा, समाज सेवा एवम दीनी कामों को करने पर बल देते हुए विस्तार से प्रकाश डाला।
मौलाना मो याकूब साहब ने समाज में फैल रही बुराइयों की तरफ तवज्जो दिलाते हुए,उनसे बचने का आह्वान किया। मौलाना अब्दुल्ला मारूफी ने फरमाया कि अच्छी बातों का हुकुम करना चाहिए,और बुरी बातों से रोकना चाहिए। हर एक इंसान की जिम्मेदारी है, जो अपनी जिम्मेदारी नहीं निभाएगा, अल्लाह के यहां उस इंसान से इसके बारे में सवाल जवाब किया जाएगा।
हजरत मौलाना मो साजिद मजाहिरी साहब ने फरमाया कि नेक कामों में खुद अमल करने के साथ-साथ दूसरों को भी अमल करने की नसीहत करते रहो, इसी में हमारे तमाम मसाईल का हल है। उन्होंने ने कहा कि आज हमने कुरान को पढ़ने समझने और अहकाम ए इलाही के फरमानो पर अमल करने में बेहद कोताही अपनी जिंदगी में अख्तियार कर रखी है, जो उम्मते मुस्लिमा की जिल्लत और रुसवाई का सबब बन रही है।मदरसे के नाजिम ए तालीम मौलाना मो राशिद कासमी ने मदरसे की वार्षिक रिपोर्ट पेश की।
जलसे में मदरसा मोहतमिम हाफिज नसीम कारी मो नियाज़ चौधरी निसार,चौधरी अलीम रफी उल्लाह खान एडवोकेट डा बरकत उल्लाह खान, जीशान काजमी, तोसिफ अली खान, मा अब्दुल गफ्फार भैसानवी, मा मुनव्वर खान, कारी मुजम्मिल हाफिज तहसीन,अशरफ खान अमीर आलम एडवोकेट अजमत अंसारी चौधरी मुज्तबा कारी जावेद राव नदीम, मुंशी लियाकत राव कारी सिराजुद्दीन हाफिज अनस शराफत राव सदाकत राव मौलाना इमरान कैरानवी,कारी शहजाद आदि शामिल रहे।
जलसे में हजरत मौलाना मुफ्ती अहसान ने मुल्क व कौम के खुश हाली तरक्की अमनो अमान के लिए दुआ कराई।

