नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 9412807565,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें
June 22, 2026

Suraj Kesari

No.1 Digital News Channel of India

विकास क्षेत्र बघरा के बी आर सी कार्यालय पर नोडल शिक्षकों व प्रधानाध्यापकों का तीन दिवसीय प्रशिक्षण आज से प्रारंभ हो गया है

1 min read

*विकास क्षेत्र बघरा के बी आर सी कार्यालय पर नोडल शिक्षकों व प्रधानाध्यापकों का तीन दिवसीय प्रशिक्षण आज से प्रारंभ हो गया है।मास्टर ट्रेनर्स अध्यापकों को इस बात में निपुण करेंगे कि आउट ऑफ स्कूल अर्थात ऐसे बच्चे जो विद्यालय तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। निशुल्कः शिक्षा के मौलिक अधिकार के अंतर्गत जिनकी उम्र 6 वर्ष से 14 वर्ष के मध्य है, उनको विद्यालयो में कैसे नामांकित किया जाए, और नामांकित करने के बाद उनको किन विधियो व शैलियो से पढाकर बच्चों को शिक्षित किया जाये। प्राथमिक शिक्षा

‘निशुल्कः शिक्षा एवं मौलिक अधिकारों के अंतर्गत आता है’ जिस कारण 6 वर्ष से लगाकर 14 वर्ष की आयु तक के बालकों को भारत सरकार/ उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निशुल्कः शिक्षा उपलब्ध कराई जाती है। परंतु फिर भी कुछ बच्चे किन्हीं कारणों से प्राथमिक शिक्षा से वंचित रह जाते हैं जैसे भट्टो पर कार्य करने वाले श्रमिकों के बच्चे घुमंतू जाति वर्ग के परिवारो के बच्चे और अन्य किन्हीं निर्बल वर्ग आदि के बच्चे विद्यालय नहीं पहुंच पाते हैं। ऐसे बच्चों को बेसिक शिक्षा विभाग द्वारा सर्वे कराकर चिन्हित किया जाता है और चिन्हित करने के उपरांत उनका विद्यालय में नामांकित किया जाता है नामांकन के पश्चात बच्चों को कैसे पढाया जाए। बीआरसी कार्यालय पर आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण में प्रधान अध्यापकों व नोडल अध्यापकों को प्रशिक्षित किया जाएगा प्रशिक्षण को मुख्य रूप से खंड शिक्षा अधिकारी संजय भारती के दिशा निर्देशन में प्रशिक्षक एआरपी पुष्पेंद्र कुमार चौधरी, विदुषी रानी, अली नवाज, मनोज कुमार संचालित करेंगे। *प्रशिक्षण के मध्य अवकाश में सी एच सी बघरा से पहुंचे डाॅ राहुल कुमार वर्मा, व राष्ट्रीय कृमि मुक्ति कार्यक्रम के डिविजनल कंसलटेंट सजींव मलिक ने अध्यापकों को सम्बोधित करते हुए बताया कि प्रत्येक 10 फरवरी को राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस मनाया जाता है। जिसके अंतर्गत प्रत्येक प्राथमिक उच्च प्राथमिक व आंगनबाड़ी केंद्र पर पढ़ने वाले बच्चों को एल्बेंडाजोल नाम की टैबलेट खिलाई जाती है जो बच्चे 10 फरवरी को किसी कारण वश अनुपस्थित रहते हैं ऐसे बच्चों को चिन्हित करके 14 फरवरी को माॅप अप डे के रूप में मना कर दवा का सेवन कराया जाता है।* जिससे किसी भी बच्चे के पेट में किसी भी तरह का कोई कीड़ा न रह पाए जब बच्चो के पेट में कीडे नहीं होंगे तो वह स्वस्थ रूप से रहकर स्वस्थ शरीर के साथ-साथ स्वस्थ मन का उपयोग शिक्षण कार्य में कर सकेगा दवा को खिलाने की विधि बताते हुए श्री वर्मा ने बताया की बच्चों को यह दवा चबा-चबा कर खिलाई जाए इसका कोई भी साइड इफेक्ट नहीं है। इसके बाद बच्चा पानी पी सकता है। फिर भी यदि किसी बच्चे को कोई साइड इफेक्ट अथवा दुष प्रभाव दिखाई दे तो तुरंत टोल फ्री नंबर 102 ओर 108 पर सूचना दी जाए चिकित्सकों की टीम विद्यालय में पहुंचेगी, जबकि उन्होंने बताया कि अभी तक कोई भी साइड इफेक्ट इस दवा का सामने नहीं आया है। डाॅ श्री मलिक में बताया कि यदि कोई बच्चा किसी बीमारी से पहले से पीडित हैं,या बुखार वगैरह आ रहा ऐसे बच्चों को एल्बेंडाजोल की टेबलेट ना खिलाया जाए। उन्होने बताया कि यह दवा विद्यालयो में निशुल्कः खिलाई जाएगी। इस ऐतिहासिक तीन दिवसीय प्रशिक्षण की सफलता के लिए सभी ने आयोजकों को हार्दिक बधाइयां दी और कहा कि इस प्रशिक्षण से उन्हें बहुत कुछ सीखने को मिला है

स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now

Right Menu Icon